Khubsurat Shayari | Khubsurat Shayari in Hindi | खूबसूरत शायरी

Khubsurat Shayari | Khubsurat Shayari in Hindi | खूबसूरत शायरी

सुकून मिलता है दो लफ्ज़ काग़ज़ पर उतार कर,
कह भी देता हूँ और आवाज़ भी नहीं आती

मुझ अनजान को मालूम नही खूबसूरती की तारीफ करना, मेरी नज़रों में तो हसीन वो है जो आपके जैसा हो।

तारीफ करूँ क्या तेरी, कुछ अल्फ़ाज ही ना मिले,जब से देखा है तुझको दिल में अरमान है जगे.

ये जो आपके खुबसूरत बिखरे हुए बाल है
बिलकुल वैसा ही हमारे दिल का हाल है

सुना है बोले तो बातों से फूल झड़ते हैं
ये बात है तो चलो बात कर के देखते हैं

पलट के देख लेना जब दिल की आवाज सुनाई दे,तेरे दिल के अहसास में शायद मेरा चेहरा दिखाई दे

Khubsurti Ki Tareef Shayari

ख़ूबसूरत हो इसलिए मोहब्ब्त नहीं है,
मोहब्बतहै इसलिए ख़ूबसूरत लगती हो

यूँ न निकला करों आज कल रात को,
चाँद छुप जाएगा देख कर आप को.

Girlfriend ke Liye Khubsurat Shayari

तारीफ करूँ क्या तेरी, कुछ अल्फ़ाज ही ना मिले,जब से देखा है तुझको
दिल में अरमान है जगे

मेरी हसरत है सिर्फ तुम्हें पाने की,
और कोई ख्वाहिश नहीं इस दीवाने की,
शिकवा मुझे तुमसे नहीं खुदा से है,
क्या जरूरत थी तुम्हें इतना खूबसूरत बनाने की…

Khubsurat Pyar Bhari Shayari

क्या लिखूँ तेरी सूरत – ए – तारीफ मेँ, मेरे हमदम अल्फाज खत्म हो गये हैँ, तेरी अदाएँ देख-देख के

 

सँवरने से औरों की बढ़ती होगी
खूबसूरती,तेरी चाहत से मेरा
चेहरा यू ही निखर जाता है।

मासूम सी सूरत तेरी
दिल में उतर जाती है,
भूल जाऊं कैसे मैं तुझे,
तू मुझे हर जगह नजर आती है

Khubsurat Chehra Shayari

नज़र इस हुस्न पर ठहरे तो आखिर किस तरह ठहरे कभी जो फूल बन जाये कभी रुखसार हो जाये

 

देख कर खूबसूरती आपकी चांद भी
शर्मा रहा है,तू कितनी
खूबसूरत है यही फरमा रहा है।

सोचता हूँ हर कागज पे तेरी तारीफ करु, फिर ख्याल आया कहीँ पढ़ने वाला भी तेरा
दीवाना ना हो जाए।

एक लाइन में क्या तेरी तारीफ़ लिखू
पानी भी जो देखे तुझे तो प्यासा हो जाये

 

मिल जाएँगे हमारी भी तारीफ़” करने वाले.
कोई हमारी मौत की “अफ़वाह” तो फैलाओ यारों

मिलावट है तेरे हुस्न में “इत्र”और “शराब”
की,…..तभी मैं थोड़ा महका हूं;…..थोड़ा सा बहका हूं…

मेरी हसरत है सिर्फ तुम्हें पाने की,
और कोई ख्वाहिश नहीं इस दीवाने की,
शिकवा मुझे तुमसे नहीं खुदा से है,
क्या जरूरत थी तुम्हें इतना खूबसूरत बनाने की।

 

मेरे दिल के धड़कनों की वो जरूरत सी है,
तितलियों सी नाजुक, परियों जैसी खूबसूरत सी है.

नसीब में कुछ रिश्ते अधुरें ही
लिखें होते हैं,लेकिन उन की
यादें बहुत ख़ूबसूरत होती हैं।

 

मेरा और उसका, कुछ ऐसा किस्सा है,
की मेरी ज़िंदगी का वो,
बेहद खूबसूरत हिस्सा है।

तेरे हुस्न को किसी परदे की जरूरत ही क्या है,
कौन रहता है होश में… तुझे देखने के बाद.

तू ज़रा सी कम खूबसूरत होती तो भी बहुत खूबसूरत होती..

 

खूबसूरती न सूरत में होती हैं न लिबास में,
बस निगाहें जिसे चाहें उसे
हसीन कर देती है।

मुझे फुर्सत ही कहाँ मौसम सुहाना देखू,तेरी
याद से निकलू तो जमाना देखू

ये आईने ना दे सकेंगे तुझे तेरे हुस्न की खबर,
कभी मेरी आँखों से आकर पूछो के कितनी हसीन हों तुम

 

खुशबु आ रही है कहीं से ताज़े गुलाब की..
शायद खिड़की खुली रह गई होगी उनके मकान की..

 

हुस्न वालो को क्या जरूरत है संवरने की,
वो तो सादगी में भी कयामत से अदा रखते है.

अब हम समझे तेरे चेहरे पे तिल का मतलब,
हुस्न की दौलत पे दरबान बिठा रखा है

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